
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 23 मई तो गुजरात का दौरा करेंगे. पीएम के दौरे से पहले पाटीदार आरक्षण आंदोलन चला रहे हार्दिक पटेल ने ये ऐलान किया है कि, वह और दूसरे 50 से ज्यादा पाटीदार युवा बोटाद में उसी जगह पर मुंडन करवा कर विरोध प्रदर्शित करेंगे जहां पिछली बार प्रधानमंत्री ने सोनी योजना की शुरुआत की थी. हार्दिक पटेल ने ऐलान किया है कि आगानी विधानसभा चुनाव में बीजेपी को हराने के लिये पूरी रणनीति तैयार की जाएगी. 'आजतक' से हार्दिक पटेल की खास बातचीत की बड़ी बातें.
प्रधानमंत्री का विरोध
हार्दिक पटेल का कहना है कि प्रधानमंत्री मोदी ने अपने पिछले गुजरात दौरे में सोनी योजना की शुरुआत की थी, आज वहा पानी कि बूंद भी नहीं है. उसी जगह पर 21 तारीख को हम 50 युवाओं के साथ मुंडन करवा रहे हैं. मोदी सरकार के खिलाफ और उनकी तानाशाही के खिलाफ हमारा विरोध जारी रहेगा. जब भी वह यहां आते हैं तब युवाओं को गिरफ्तार किया जाता है, इसके विरोध में हम मुंडन करवायेंगे साथ ही बहुत सारे किसान बुर्जुर्ग भी इसमें जुड़ेंगे.
आंदोलन की रणनीति
हमने एक मिसकॉल ड्राइव शुरू किया है, जिसमें 2 लाख से ज्याद कॉल मिले हैं. किसान, महिलाएं और युवाओं की बेरोजगारी के मुद्दे को लेकर कैसे लड़ा जाये इन सभी मुद्दों को लेकर हम लोगों के बीच जा रहे हैं. हमारा मकसद है कि 50 लाख लोगों को इस मिसकॉल अभियान से जोड़ें. बीजेपी के वॉलिंटियर की तरह हम भी ऐसे ही वॉलिंटियर उनके सामने खड़े करने जा रहे हैं. एक माहौल था कि जब मोदी साहब निकलते थे तो लोग जमा होते थे, लेकिन आज वो माहौल नहीं रहा. 2002 और 2005 में जिन किसानों की जमीन गई है, उस कपंनी ने उन किसान के बच्चों तक को रोजगार नहीं दिया है.
कांग्रेस से उम्मीदें
कांग्रेस राज्य की सत्ता से 25 साल से बाहर है. गुजरात में बीजेपी कुछ नहीं करेगी तो कांग्रेस को कुछ करना पड़ेगा. कांग्रेस ने अगर कुछ नहीं किया तो मजबूरी में वोट बीजेपी को देना पड़ेगा. कांग्रेस भी जानती है कि वो पाटीदार और किसानों के लिये कुछ नही करेंगे तो लोग मजबूरी में बीजेपी को वोट देंगे. उम्मीद है कि कांग्रेस पाटीदारों के लिए कुछ करेगी.
बीजेपी ने अपने चुनावी घोषणापत्र में किए वादों को पूरा नहीं किया . जो रोजगारी की बात गुजरात के युवाओं के लिए की गई थी वो वादा भी पूरा नहीं हुआ. गुजरात में क्लर्क के लिये जगह खाली थीं, 14 लाख लोगों ने आवेदन दिए हैं. ऐसे में सरकार को कैसे सफल कहा जा सकता है.
पाटीदार आरक्षण आंदोलन टीम की कांग्रेस अध्यक्ष से मुलाकात के बाद डिप्टी सीएम नितिन पटेल ने कहा कि पाटीदार चाहे जब चाहें हमसे मिल सकते हैं, बारबार उनसे मिलने का कोई मतलब नहीं हैं, इतनी बार मिलने के बावजूद उन्होंने ने अपना रुख साफ नहीं किया है. लेकिन हम इस बार उनसे मिलना नहीं चाहते हैं जब तक वो समाज को कुछ देना ना चाहें.