भारत के आकाश एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम (Akash Missile Air Defence System) से दुनिया के कई देश हैरान है. उसे अपनी सेना में शामिल करना चाहते हैं. आर्मेनिया आकाश मिसाइल सिस्टम खरीद चुका है. अगले साल की दूसरी तिमाही में उसे इसकी डिलिवरी भी शुरू हो जाएगी.
अब फिलिपींस, ब्राजील और मिस्र ने भी इस एयर डिफेंस सिस्टम में अपना इंट्रेस्ट दिखाया है. वो भी इस ताकतवर हवाई सुरक्षा प्रणाली को अपनी सेना में शामिल करना चाहते हैं. आकाश मिसाइल सिस्टम ने हाल ही में अलग ही रिकॉर्ड बनाया. एक ही मिसाइल यूनिट से चार मिसाइलों ने चार अलग-अलग टारगेट्स को हिट किया. भारत ऐसी तकनीक बनाने वाला पहला देश बन गया था. यानी एक मिसाइल यूनिट से चार एरियल टारगेट ध्वस्त कर सकते हैं.
भारतीय सेना लगातार इसके आधुनिक वर्जन की टेस्टिंग कर रहे हैं. फिलहाल ये क्षमता 25 km रेंज वाली आकाश मिसाइल में विकसित की गई है. बाद में रेंज को बढ़ाया जाएगा. यह मिसाइल टारगेट को हवा में ट्रैक करके उसे खत्म कर देता है. राडार, EOTS और टेलीमेट्री स्टेशन, मिसाइल ट्रैजेक्टरी और फ्लाइट पैरामीटर्स को सुधारा गया है.
आकाश मिसाइल के तीन वैरिएंट्स
देश में इसके 3 वैरिएंट मौजूद हैं- पहला आकाश एमके- इसकी रेंज 30KM है. दूसरा आकाश एमके-2 - रेंज 40KM है. तीसरा आकाश-एनजी - रेंज 80KM है. आकाश-एनजी 20 km की ऊंचाई तक जाकर दुश्मन के विमान या मिसाइल को नष्ट कर सकती है. सबसे ज्यादा खतरनाक इसकी गति है. ये दुश्मन को बचने की तैयारी का मौका नहीं देता.
गति ही इसकी सबसे बड़ी खासियत
इसकी गति 2.5 मैक यानी 3087 किलोमीटर प्रतिघंटा है. यानी एक सेंकेंड में करीब एक किलोमीटर की दूरी तय करता है. आकाश-एनजी यानी आकाश न्यू जेनरेशन मिसाइल का सफल परीक्षण किया गया था. आकाश-एनजी जमीन से हवा में मार करना वाली मिसाइल है. इसे भारतीय वायुसेना के लिए बनाया गया है.
आकाश-एनजी में डुअल पल्स सॉलिड रॉकेट मोटर है, जो इसकी गति को बढ़ाता है. इसकी रेंज 40 से 80 km है. साथ ही इसमें एक्टिव इलेक्ट्रॉनिकली स्कैन्ड ऐरे मल्टी फंक्शन राडार लगा है जो एकसाथ कई दुश्मन मिसाइलों या विमानों को स्कैन कर सकता है. आकाश-एनजी (Akash-NG) मिसाइल को मोबाइल प्लेटफॉर्म से लॉन्च किया जा सकता है. इस मिसाइल के मोबाइल लॉन्च सिस्टम के लिए गाड़िया टाटा मोटर्स और BEML-Tatra कंपनियां बनाती हैं.
खास तौर से की गई है डिजाइन
आकाश-एनजी का कुल वजन 720 kg है. इसकी लंबाई 19 फीट और व्यास 1.16 फीट है. ये अपने साथ 60 kg वजन का हथियार ले जा सकता है. आकाश-एनजी मिसाइल के पुराने संस्करण को पिछले साल चीन के साथ हुए सीमा विवाद के दौरान लद्दाख स्थित लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (LAC) पर भी तैनात किया गया था. इसके अलावा भारतीय वायुसेना ने आकाश मिसाइलों को ग्वालियर, जलपाईगुड़ी, तेजपुर, जोरहाट और पुणे बेस पर भी तैनात कर रखा है.