झारखंड के रामगढ़ जिले में पुलिस ने अंतरराज्यीय 'अपहरण गिरोह' के सात सदस्यों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने शनिवार को एक घर पर छापेमारी कर फिरौती के लिए बंधक बनाए गए दो लोगों को भी मुक्त कराया. यह कार्रवाई जिले के दिगवार गांव में हुई.
न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक रामगढ़ के एसपी अजय कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी कि इस गिरोह के सदस्यों को तब पकड़ा गया जब पुलिस ने बंधकों को छुड़ाने के लिए अभियान चलाया. छापेमारी के दौरान गिरोह के पास से दो इलेक्ट्रॉनिक नोट गिनने की मशीनें भी बरामद की गईं हैं.
एसपी के अनुसार, यह गिरोह भोले-भाले लोगों को पैसा दोगुना करने का झांसा देकर फंसाता था. इसके बाद उन्हें बंधक बनाकर फिरौती वसूलने की कोशिश करता था. मामले में विस्तृत जांच की जा रही है और मंडू (कुजू) पुलिस थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है. पुलिस इस गिरोह के अन्य सदस्यों और इससे जुड़े मामलों की जांच कर रही है.
इस घटना से इलाके में हड़कंप मच गया है. स्थानीय लोगों ने पुलिस से मांग की है कि ऐसे गिरोहों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके. पुलिस की सतर्कता और समय पर कार्रवाई से दो लोगों को सुरक्षित बचाया गया और अपराधियों को गिरफ्तार किया गया. पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत दें.