साउथ एक्ट्रेस अनुष्का शेट्टी ने कम समय में फिल्म इंडस्ट्री में ऐसा मुकाम हासिल कर लिया है कि हर बड़ा डायरेक्टर उनके साथ काम करना चाहता है. उनको फिल्म में लेने का मतलब ही ये मान लिया जाता है कि फिल्म का हिट होना तय है.
लेकिन अनुष्का को लेकर ये धारणा इतनी आसानी से नहीं बनी है. एक्ट्रेस ने अपनी जिंदगी में काफी संघर्ष किया है. उन्होंने एक समय में कई फ्लॉप फिल्में की हैं. कई बार उन्होंने इस इंडस्ट्री को छोड़ने का भी मन बनाया है.
हैरानी की बात तो ये है कि अनुष्का शेट्टी को कभी एक्टिंग में आना ही नहीं था. वे जिस परिवार से ताल्लुक रखती हैं, वहां पर सभी इंजीनियर और डॉक्टर हैं. ऐसे में वे भी अपना करियर ऐसी ही किसी फील्ड में बनाना चाहती थीं.
ग्रेजुएशन करने के बाद अनुष्का शेट्टी ने काफी समय तक बच्चों को ट्यूशन दिए. वे तीसरी क्लास के बच्चों को पढ़ाया करती थीं. ये वो समय था जब अनुष्का ने एक्टिंग के बारे में सोचा भी नहीं था.
वहीं ट्यूशन लेने के बाद भी अनुष्का ने फिल्मों में कदम नहीं रखा था. बल्कि वे तो लोगों को योगा सिखाने लगी थीं. अनुष्का के मुताबिक उन्हें योगा सिखाना काफी पसंद था और वो उनकी जिंदगी का सबसे खूबसूरत पल था. बताया जाता है कि उन्होंने योगा अपने गुरु भरत ठाकुर से सीखा था.
लेकिन योगा सिखाते-सिखाते अनुष्का का एक्टिंग टैलेंट सबसे पहले मेहर रमेश ने देखा था. उन्होंने पुरी जगन को अनुष्का का नाम सुझाया था. उस वजह से अनुष्का को अपनी पहली फिल्म 'सुपर' मिल गई थी. लेकिन फिल्म बॉक्स ऑफिस पर ज्यादा सफल नहीं रही.
इसके बाद अनुष्का की जिंदगी में दस्तक दी उस डायरेक्टर ने जिनकी वजह से उन्हें बाहुबली जैसी फिल्म करने का मौका मिला. डायरेक्टर S.S. Rajamouli ने उन्हें फिल्म Vikramarkudu देकर बड़ा ब्रेक दे दिया था. इसके बाद से अनुष्का ने कई बेहतरीन फिल्मों में काम किया और बाद में वे बाहुबली की देवसेना भी बन गईं.