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PM Kisan में 4 लाख से अधिक किसानों का पेमेंट फेल, 8वीं किस्त आने से पहले जरूर चेक करें ये डिटेल!

शरद अग्रवाल
  • नई दिल्ली,
  • 03 अप्रैल 2021,
  • अपडेटेड 5:46 PM IST
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सबसे पहले आप पीएम किसान की वेबसाइट पर जाकर लाभार्थियों की सूची में अपना नाम चेक कर लें. इसके लिए आप आपको साइट पर बेनिफिशियरी लिस्ट वाले बॉक्स पर क्लिक करना है. उसके बाद अपने राज्य, जिले, उप-जिले, ब्लॉक और गांव का नाम सिलेक्ट करके चेक करना है कि लाभार्थी की सूची में नाम है या नहीं. अगर लिस्ट में नाम नहीं है और आप पात्र हैं तो अगली स्लाइड में जानें रजिस्ट्रेशन कैसे करें
(सांकेतिक फोटो)

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पीएम किसान की वेबसाइट पर किसान खुद से या किसी की मदद से अपना रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं. बस आपको साइट पर फार्मर कॉर्नर वाले बॉक्स पर क्लिक करना है. उसके बाद नए किसान का पंजीकरण वाले बक्से पर क्लिक करना है. बाद में आधार कार्ड और बैंक खाते की जानकारी देनी है. आपका रजिस्ट्रेशन पूरा हो गया. अगर इसके बाद भी पेमेंट फेल हो रहा है तो अगली स्लाइड में जानें उपाय.
(सांकेतिक फोटो)

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अक्सर देखा गया है कि डॉक्यूमेंट की जानकारी सही से नहीं भरने पर पेमेंट फेल होता है. ऐसे में आप पीएम किसान की वेबसाइट पर आधार एडिट वाले बक्से पर क्लिक करके चेक करें कि आपका आधार नंबर सही है या नहीं. इसके बाद बैंक खाते से जुड़ी जानकारी को भी एक बार चेक कर लें. 
(सांकेतिक फोटो)

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सही जानकारी नहीं होने और कुछ अन्य कारणों की वजह से 4 लाख से अधिक किसानों का पेमेंट फेल हुआ है. पीएम-किसान की वेबसाइट के मुताबिक 2 अप्रैल 2021 तक 4,78,342 किसानों के खाते में 7वीं किस्त का पेमेंट नहीं पहुंच सका. इसलिए आप एक बार फिर अपनी सारी जानकारियां फिर से चेक कर लें. ताकि 8वीं किस्त का पेमेंट समय से आ सके. (फोटो-पीएम किसान वेबसाइट)

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सरकार देश के 14.5 करोड़ किसानों को साल में 6,000 रुपये की आर्थिक मदद देती है. इसे 2,000-2,000 रुपये की तीन किस्तों में दिया जाता है. साल में इसकी पहली किस्त अप्रैल से जुलाई, दूसरी अगस्त से नवंबर और तीसरी दिसंबर से मार्च के लिए दी जाती है. सरकार मार्च तक इसकी 7 किस्तों का भुगतान कर चुकी है और अप्रैल 2021 से लाभार्थियों को 8वीं किस्त मिलनी है.
(सांकेतिक फोटो)

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जब ये योजना शुरू की गई थी तब दो एकड़ या उससे छोटी जोत वाले 12.5 करोड़ किसानों को ही इसका लाभ मिलता था. लेकिन अब सरकार जमीन की इस सीमा को हटा चुकी है. (फोटो:रॉयटर्स)

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